यूपी का IT-ITES एक्सपोर्ट पहली बार 1 लाख करोड़ के पार, पांच साल में दोगुने से ज्यादा बढ़ा निर्यात

लखनऊ, 7 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश के आईटी और आईटीईएस सेक्टर ने निर्यात के मोर्चे पर नया आंकड़ा दर्ज किया है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्रदेश से 1,01,970 करोड़ रुपये का IT-ITES निर्यात हुआ, जो पहली बार एक लाख करोड़ रुपये के पार पहुंचा है। वित्तीय वर्ष 2020-21 में यही आंकड़ा 48,004 करोड़ रुपये था। यानी पांच साल में प्रदेश के IT-ITES निर्यात में 53,966 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई है।आंकड़ों के मुताबिक, पांच साल की अवधि में उत्तर प्रदेश का IT-ITES निर्यात करीब 112 प्रतिशत बढ़ा है। निर्यात में यह वृद्धि सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी पार्क्स ऑफ इंडिया (STPI) और विशेष आर्थिक क्षेत्रों (SEZ) दोनों से हुई है।
STPI से निर्यात 25 हजार करोड़ से बढ़कर 52 हजार करोड़ के पार
STPI इकाइयों से होने वाले IT-ITES निर्यात में भी लगातार वृद्धि दर्ज की गई है। वित्तीय वर्ष 2020-21 में STPI से 25,642 करोड़ रुपये का निर्यात हुआ था। वित्तीय वर्ष 2025-26 में यह बढ़कर 52,778 करोड़ रुपये पहुंच गया।इस तरह पांच साल में STPI से होने वाले निर्यात में 27,136 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई। इस अवधि में STPI निर्यात की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) 15.5 प्रतिशत रही। यानी पांच साल में STPI से होने वाला निर्यात लगभग दोगुना हो गया।
SEZ से IT-ITES निर्यात की रफ्तार और तेज
विशेष आर्थिक क्षेत्रों यानी SEZ से भी IT-ITES निर्यात में बड़ी वृद्धि हुई है। वित्तीय वर्ष 2020-21 में SEZ से 22,362 करोड़ रुपये का निर्यात हुआ था। 2025-26 में यह आंकड़ा बढ़कर 49,192 करोड़ रुपये पहुंच गया।
इस दौरान SEZ से निर्यात में 26,830 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी हुई। पांच साल की अवधि में SEZ निर्यात की CAGR 17.1 प्रतिशत रही। इस लिहाज से SEZ से निर्यात बढ़ने की रफ्तार STPI की 15.5 प्रतिशत CAGR से अधिक रही।
पांच साल में बदली IT सेक्टर की तस्वीर
STPI और SEZ दोनों से होने वाले निर्यात को मिलाकर देखें तो 2020-21 में उत्तर प्रदेश का कुल IT-ITES निर्यात 48,004 करोड़ रुपये था। पांच साल बाद 2025-26 में यह आंकड़ा 1,01,970 करोड़ रुपये हो गया।यानी इस अवधि में प्रदेश के IT-ITES निर्यात में करीब 112 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हुई। यह आंकड़ा उत्तर प्रदेश में आईटी आधारित सेवाओं और निर्यात गतिविधियों के बढ़ते दायरे को दर्शाता है।
लखनऊ में बड़ी IT कंपनियों की मौजूदगी
प्रदेश में आईटी और आईटीईएस सेक्टर के विस्तार के साथ बड़ी कंपनियों की मौजूदगी भी बढ़ी है। लखनऊ में IBM, Genpact और Teleperformance जैसी कंपनियों ने अपने कार्यालय स्थापित किए हैं। इससे प्रदेश में IT और ITES से जुड़े निवेश तथा रोजगार के अवसर बढ़ने की संभावना है।खास तौर पर तकनीकी शिक्षा और आईटी क्षेत्र से जुड़े युवाओं के लिए प्रदेश में ही रोजगार के नए विकल्प तैयार होने की उम्मीद है। IT-ITES निर्यात का पांच साल में 48 हजार करोड़ रुपये से बढ़कर एक लाख करोड़ रुपये के पार पहुंचना उत्तर प्रदेश के इस सेक्टर में हुए विस्तार की तस्वीर पेश करता है।प्रदेश में आईटी सेक्टर के विस्तार को निवेश, निर्यात और रोजगार—तीनों स्तरों पर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आने वाले समय में नई कंपनियों और तकनीकी गतिविधियों के विस्तार के साथ इस क्षेत्र में उत्तर प्रदेश की भूमिका और बढ़ने की उम्मीद है।



