धान नहीं तुला तो राजभवन कूच कर गया किसान

- मेरी नहीं, पूरे जिले के किसानों की समस्या है
अटरिया में रोककर लौटाया ट्रैक्टर-ट्रॉली में धान लादकर निकले आनंद दीक्षित, बोले
अटरिया में रोककर लौटाया ट्रैक्टर-ट्रॉली में धान लादकर निकले आनंद दीक्षित, बोले
पायनियर संवाददाता।सिधौली (सीतापुर)
धान की तौल के लिए किसान कब तक इंतजार करे? जब खरीद केंद्रों पर सुनवाई नहीं हुई तो महोली निवासी किसान आनंद दीक्षित ने अपना धान ट्रैक्टर-ट्रॉली पर लादा और सीधे लखनऊ स्थित राजभवन जाने का फैसला कर लिया। बुधवार को किसान का ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर राजधानी की ओर निकलना प्रशासन तक पहुंचा तो अटरिया कस्बे में पुलिस ने उसे रोक लिया। अधिकारियों ने समझाया और समस्या के समाधान का आश्वासन दिया, जिसके बाद किसान अपना धान लेकर वापस सीतापुर लौट गया।यह सिर्फ एक किसान के धान की तौल का मामला नहीं है। आनंद दीक्षित का कहना है कि जिले में तमाम किसान धान की तौल को लेकर परेशान हैं। कई-कई दिन इंतजार करने के बावजूद उपज की तौल नहीं हो रही है। किसानों को अपनी ही फसल बेचने के लिए चक्कर काटने पड़ रहे हैं। इसी परेशानी को सामने रखने के लिए उन्होंने राजभवन जाने का रास्ता चुना।एसडीएम अवनीश कुमार सिंह के निर्देश पर अटरिया पुलिस ने किसान को रोका। मौके पर नायब तहसीलदार कृपानाथ सिंह, थाना प्रभारी लाल बहादुर मिश्रा और कस्बा चौकी प्रभारी अशोक आहूजा पहुंचे। अधिकारियों ने किसान से बातचीत की और उसकी शिकायत सुनी। आनंद दीक्षित ने स्पष्ट कहा कि उनकी मांग केवल अपने धान की तौल कराने तक सीमित नहीं है। जिले के किसानों को हो रही परेशानी दूर होनी चाहिए, ताकि उन्हें अपनी उपज तौलवाने के लिए कई दिनों तक इंतजार न करना पड़े। प्रशासन की ओर से समाधान का आश्वासन मिलने पर किसान वापस लौट गया। हालांकि, बड़ा सवाल अब भी कायम है कि धान तौल की समस्या से जूझ रहे किसानों को कब तक राहत मिलेगी। फिलहाल किसान लौट आया है, लेकिन उसकी उठाई समस्या का समाधान होना अभी बाकी है।



