धान खरीद में देरी और 112 करोड़ गन्ना मूल्य बकाया पर भड़के हेमराज वर्मा, बड़े आंदोलन की चेतावनी
पूर्व मंत्री बोले—एक अक्टूबर से शुरू होनी थी धान खरीद, समर्थन मूल्य योजना के तहत अब तक केंद्रों पर नहीं हुई शुरुआत

पीलीभीत। प्रदेश के पूर्व खाद्य एवं रसद राज्य मंत्री और समाजवादी पार्टी के नेता हेमराज वर्मा ने धान खरीद में देरी और किसानों के गन्ना मूल्य भुगतान में लंबित बकाये को लेकर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार किसानों की समस्याओं को नजरअंदाज कर रही है। धान खरीद में देरी से किसानों को बिचौलियों के हाथों अपनी उपज बेचने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जबकि गन्ना किसानों का करोड़ों रुपये का भुगतान अब तक लंबित है। उन्होंने चेतावनी दी कि किसानों की इन समस्याओं को लेकर जल्द ही बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
सोमवार दोपहर शहर के एक होटल में पत्रकारों से बातचीत करते हुए हेमराज वर्मा ने कहा कि हर साल प्रदेश में एक अक्टूबर से सरकारी धान खरीद शुरू होती है, लेकिन इस बार समर्थन मूल्य योजना के तहत अब तक केंद्रों पर खरीद शुरू नहीं हो सकी है। उनका कहना था कि यह स्थिति तब है, जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं खाद्य एवं रसद विभाग की निगरानी कर रहे हैं। इसके बावजूद किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए परेशान होना पड़ रहा है।
बिचौलियों के हाथों औने-पौने दाम पर धान बेचने की मजबूरी
पूर्व मंत्री ने कहा कि किसान आधे से अधिक धान की कटाई कर चुके हैं और उनकी उपज बाजार में पहुंचने लगी है, लेकिन सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों को नुकसान उठाना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि मजबूरी में किसान बिचौलियों के माध्यम से धान बेच रहे हैं। बिचौलिये किसानों से कम कीमत पर धान खरीदकर बाद में उसे सरकारी खरीद व्यवस्था में खपाने की कोशिश कर सकते हैं। इससे सरकारी धान खरीद व्यवस्था में गड़बड़ी की आशंका पैदा होती है। उन्होंने मांग की कि खरीद केंद्रों को तत्काल प्रभाव से सक्रिय कर किसानों की उपज न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी जाए।
112 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य भुगतान बकाया
हेमराज वर्मा ने जिले के गन्ना किसानों के भुगतान का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि पीलीभीत के किसानों का करीब 112 करोड़ रुपये गन्ना मूल्य भुगतान बकाया है। किसानों को अपनी उपज का पैसा पाने के लिए इंतजार करना पड़ रहा है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि एक ओर किसान धान खरीद में देरी से परेशान हैं, तो दूसरी ओर गन्ने का भुगतान न मिलने से खेती-किसानी का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है।
किसानों के हित में आंदोलन की चेतावनी
पूर्व मंत्री ने कहा कि धान खरीद में देरी और गन्ना मूल्य भुगतान की समस्या को लेकर किसानों में नाराजगी बढ़ रही है। सरकार को तत्काल प्रभाव से धान खरीद शुरू कराने और गन्ना किसानों का बकाया भुगतान कराने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का जल्द समाधान नहीं हुआ तो समाजवादी पार्टी किसानों के हित में बड़ा आंदोलन करेगी।



