तेलीवाला प्राथमिक विद्यालय में शिक्षकों की कमी से 50 बच्चों का भविष्य दांव पर

- अखिल भारतीय किसान सभा ने उप खंड शिक्षा अधिकारी को सौंपा ज्ञापन।
पायनियर समाचार सेवा। डोईवाला। विकासखंड डोईवाला के प्राथमिक विद्यालय ग्राम तेलीवाला में शिक्षकों की भारी कमी से लगभग 50 विद्यार्थियों की शिक्षा प्रभावित होने को लेकर अखिल भारतीय किसान सभा ने उप खंड शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। किसान सभा ने ज्ञापन में बताया कि कक्षा एक से पांच तक करीब 50 बच्चे विद्यालय में अध्ययनरत हैं, लेकिन पूरे स्कूल की जिम्मेदारी मात्र एक अस्थायी अध्यापिका पर है। प्रधानाध्यापिका मेडिकल अवकाश पर हैं और उनके स्थान पर कार्यरत अध्यापिका के पास वित्तीय अधिकार न होने से विद्यालय में आर्थिक संकट भी बना हुआ है। एक अन्य अध्यापिका गर्भावस्था के कारण मेडिकल अवकाश पर है, जबकि तीसरी नियुक्त अध्यापिका ने अब तक ज्वाइनिंग नहीं ली है। इसके अलावा कार्यरत अध्यापिका को बीएलओ जैसे अतिरिक्त कार्य भी सौंपे गए हैं।
ग्राम तेलीवाला निवासी और ओएनजीसी से डीजीएम पद से सेवानिवृत्त परवेज अली ने कहा कि यह विद्यालय मूल रूप से उर्दू मीडियम के रूप में स्थापित हुआ था, लेकिन पिछले 5 वर्षों से उर्दू शिक्षक की नियुक्ति न होने से बच्चों को उर्दू शिक्षा से वंचित होना पड़ रहा है। शिक्षकों की कमी के कारण बच्चों का भविष्य अंधकार में है। इस दौरान मंडल अध्यक्ष बलबीर सिंह ने चांदमारी प्राथमिक विद्यालय का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि जीर्ण-शीर्ण भवन को ध्वस्त तो कर दिया गया, लेकिन नई इमारत का निर्माण आज तक नहीं हुआ है। जिसके कारण बच्चे एक निजी मकान में पढ़ने को मजबूर हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र नई बिल्डिंग का निर्माण नहीं हुआ तो किसान सभा आंदोलन को बाध्य होगी, जिसकी जिम्मेदारी विभाग और सरकार की होगी। ज्ञापन देने वालों में किसान सभा मंडल अध्यक्ष बलबीर सिंह, परवेज अली, मंडल सचिव याकूब अली, संयुक्त सचिव मलकीत सिंह, उपाध्यक्ष जाहिद अंजुम और कोषाध्यक्ष जसवीर सिंह मौजूद रहे।



