स्वतंत्रनिर्भीक पत्रकारिता
BREAKING NEWS
धान नहीं तुला तो राजभवन कूच कर गया किसानवोट चोरी से बनी भाजपा सरकार, अब जनता बदलाव चाहती है: राजा गुरजीत सिंहहरगांव में चोरों का आतंक: एक रात, चार घरों में धावा; 11 लाख के जेवर और 40 हजार नकदी पारजब नैमिषारण्य स्टेशन पर गूंजा ‘वंदे मातरम्’, सम्मान में झुके सिर, सपनों को मिले पंखसिंगाही में उच्च शिक्षा की नई उड़ान, खैरगढ़ रोड पर खुलेगा महाविद्यालय - प्रबंधक संजय तिवारी ने शुरू की जमीन की तलाशबरबर में गूंजा बेटियों के सम्मान का तराना - 'बेटियां रहमत हैं' जलसे में हजारों का हुजूम, उलेमा की तकरीर पर झूमे लोगनारद को मिला वानर रूप, अहंकार का हुआ अंत - तिकुनिया में रामजन्म की लीला पर बरसे फूल, जय श्रीराम से गूंजा पंडालमोहाना नदी ने आगोश में लिए तीन घर, कटान से दहशत में ग्रामीण - रातों की नींद उड़ी31 अक्टूबर तक जमा करें पर्यटन परियोजनाओं के लंबित एस्टीमेट : जयवीर सिंह30 साल बाद मीरजापुर का जरगो बांध पानी से लबालब, किसान गदगदधान नहीं तुला तो राजभवन कूच कर गया किसानवोट चोरी से बनी भाजपा सरकार, अब जनता बदलाव चाहती है: राजा गुरजीत सिंहहरगांव में चोरों का आतंक: एक रात, चार घरों में धावा; 11 लाख के जेवर और 40 हजार नकदी पारजब नैमिषारण्य स्टेशन पर गूंजा ‘वंदे मातरम्’, सम्मान में झुके सिर, सपनों को मिले पंखसिंगाही में उच्च शिक्षा की नई उड़ान, खैरगढ़ रोड पर खुलेगा महाविद्यालय - प्रबंधक संजय तिवारी ने शुरू की जमीन की तलाशबरबर में गूंजा बेटियों के सम्मान का तराना - 'बेटियां रहमत हैं' जलसे में हजारों का हुजूम, उलेमा की तकरीर पर झूमे लोगनारद को मिला वानर रूप, अहंकार का हुआ अंत - तिकुनिया में रामजन्म की लीला पर बरसे फूल, जय श्रीराम से गूंजा पंडालमोहाना नदी ने आगोश में लिए तीन घर, कटान से दहशत में ग्रामीण - रातों की नींद उड़ी31 अक्टूबर तक जमा करें पर्यटन परियोजनाओं के लंबित एस्टीमेट : जयवीर सिंह30 साल बाद मीरजापुर का जरगो बांध पानी से लबालब, किसान गदगद

खबर छपते ही 65 लाख की सड़क पर शुरू हुई लीपापोती, मोरंग डालकर छिपाई जा रहीं खामियां; जेई-एक्सईएन पर उठे सवाल

खबर छपते ही 65 लाख की सड़क पर शुरू हुई लीपापोती, मोरंग डालकर छिपाई जा रहीं खामियां; जेई-एक्सईएन पर उठे सवाल

पीलीभीत। आवास विकास कॉलोनी में करीब 65 लाख रुपये की लागत से बन रही 14 से 15 सड़कों के निर्माण में गुणवत्ता को लेकर उठे सवालों के बीच अब मरम्मत के नाम पर लीपापोती किए जाने का आरोप सामने आया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि समाचार प्रकाशित होने के बाद विभाग और ठेकेदार सक्रिय तो हुए, लेकिन सड़क को मानकों के अनुरूप दोबारा बनाने के बजाय उखड़े हिस्सों पर केवल मोरंग डालकर खामियां छिपाने का प्रयास किया जा रहा है।

आयकर विभाग कार्यालय के सामने सोमवार को बनी सड़क मंगलवार तक कई स्थानों से उखड़ गई थी। सड़क के एक दिन भी नहीं टिक पाने से निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हुए। मामला सामने आने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि पूरी सड़क की तकनीकी जांच कराकर आवश्यकतानुसार दोबारा निर्माण कराया जाएगा, लेकिन मौके पर केवल उखड़े हिस्सों पर मोरंग डालकर मरम्मत किए जाने से स्थानीय लोगों में नाराजगी है।

लोगों ने उठाए गुणवत्ता पर सवाल

कॉलोनीवासियों का कहना है कि जिस सड़क को वर्षों तक आम जनता के उपयोग में रहना है, वह एक दिन भी नहीं टिक सकी। ऐसे में केवल ऊपर से मरम्मत कर देना समस्या का समाधान नहीं है। उनका आरोप है कि यदि मामला मीडिया में उजागर नहीं होता तो घटिया निर्माण को ही सही बताकर भुगतान की प्रक्रिया भी पूरी कर दी जाती।

जेई और एक्सईएन की भूमिका पर भी सवाल

निर्माण कार्य की निगरानी आवास विकास परिषद के अवर अभियंता (जेई) आनंद कुमार की देखरेख में कराई जा रही थी। सड़क के एक दिन में उखड़ जाने के बाद उनकी निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि निर्माण के दौरान गुणवत्ता की नियमित जांच होती तो ऐसी स्थिति नहीं बनती।

अधिकारियों ने नहीं दिया पक्ष

मामले में आवास विकास परिषद के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) और अवर अभियंता (जेई) से उनका पक्ष जानने के लिए फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन दोनों अधिकारियों ने कॉल रिसीव नहीं की। अधिकारियों की चुप्पी से लोगों के बीच और भी सवाल खड़े हो रहे हैं।

जांच और कार्रवाई की मांग

कॉलोनीवासियों ने मांग की है कि पूरे निर्माण कार्य की स्वतंत्र तकनीकी जांच कराई जाए और यदि गुणवत्ता में कमी पाई जाती है तो संबंधित ठेकेदार के साथ-साथ निगरानी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय की जाए। लोगों का कहना है कि लाखों रुपये की सरकारी परियोजनाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जानी चाहिए।

साझा करें:fxw
हर खबर, हर पल — जुड़े रहें!हर बड़ी खबर सबसे पहले पाने के लिए हमारे न्यूज़लेटर से जुड़ें